एडमिशन अलर्ट
सितारों तक पहुंचने का सपना अब हुआ आसान,12वीं के बाद करें शुरुआत
एस्ट्रोनॉट बनने की राह अब पहले से कहीं ज्यादा आसान हो गई है। अगर आप भी एस्ट्रोनॉट बनने सपना देखते हैं, तो 12वीं के बाद इस सपने को हकीकत बना सकते हैं। आइए जानते हैं—12वीं के बाद एस्ट्रोनॉट बनने की पूरी प्रक्रिय़ा।

1. 12वीं में कैसे करे विषयों का चुनाव?
- 12वीं में फिजिक्स, केमिस्ट्री और मैथ्स (PCM) लेना जरूरी है। बायोलॉजी भी विकल्प हो सकता है, लेकिन आमतौर पर नॉन-मेडिकल स्ट्रीम प्राथमिक है।
- इन विषयों के साथ 12वीं पास करने के बाद ही आगे की पढ़ाई की राह को आसान बनाती है।
2. ग्रेजुएशन में कैसे करें?
- B.Tech/B.E. (Aerospace Engineering, Mechanical, Electronics, Computer Science)
- B.Sc. (Physics, Astrophysics, Mathematics, Chemistry, Biological Sciences)
- B.Sc. in Space Science या अन्य विज्ञान विषय भी विकल्प हैं।
- भारत के टॉप संस्थान: IITs, IISc Bangalore, IIST (ISRO द्वारा संचालित), BITS Pilani, Delhi University।
3. आगे की पढ़ाई और अनुभव
- ग्रेजुएशन के बाद M.Tech/M.Sc (Space Science, Astrophysics, Aerospace) या PhD भी कर सकते हैं।
- NASA/ISRO में इंटर्नशिप या प्रोजेक्ट्स का अनुभव हासिल करें।
- रिसर्च, ट्रेनिंग और स्पेस मिशन से जुड़ी गतिविधियों में भाग लें।
4. जरूरी स्किल्स और फिटनेस
- शारीरिक फिटनेस: वजन उठाने की क्षमता, कम से कम 5 फीट 2 इंच लंबाई, अच्छी फिजिकल स्ट्रेंथ जरूरी है।
- मानसिक मजबूती: जोखिम भरे माहौल में काम करने की क्षमता, टीम वर्क और तेज निर्णय क्षमता।
- भाषा कौशल: अंग्रेजी (और कभी-कभी रूसी) भाषा का अच्छा ज्ञान आवश्यक है।
- प्रोफेशनल अनुभव: NASA में एस्ट्रोनॉट बनने के लिए 3 साल का प्रोफेशनल अनुभव या 1000 घंटे का पायलट इन कमांड अनुभव जरूरी है।
5. चयन प्रक्रिया और ट्रेनिंग
- ISRO/NASA के एग्जाम्स और इंटरव्यू: इन संस्थानों में चयन के लिए लिखित परीक्षा, मेडिकल टेस्ट और इंटरव्यू पास करना होता है।
- स्पेशल ट्रेनिंग: जीरो ग्रेविटी, जी फोर्स, स्पेस सूट, मिशन सिमुलेशन जैसी कठोर ट्रेनिंग से गुजरना पड़ता है।
6. करियर के अवसर
- ISRO, NASA, ESA, JAXA जैसी स्पेस एजेंसियों में एस्ट्रोनॉट, साइंटिस्ट, इंजीनियर या रिसर्चर के रूप में अवसर मिलते
- स्पेस मिशन, रिसर्च, स्पेस स्टेशन पर कार्य और अन्य वैज्ञानिक प्रोजेक्ट्स में भागीदारी।
7. आवेदन कैसे करें?
- संबंधित स्पेस एजेंसी (जैसे ISRO, NASA) की वेबसाइट पर जाकर करियर सेक्शन में उपलब्ध वैकेंसी के अनुसार आवेदन करें।
नोट: एस्ट्रोनॉट बनना कठिन जरूर है, लेकिन सही दिशा, कड़ी मेहनत, फिटनेस और जुनून से यह सपना जरूर पूरा किया जा सकता है। सितारों तक पहुंचने की राह अब दूर नहीं—आज ही शुरुआत करें!
एडमिशन
जामिया मिल्लिया इस्लामिया ने जारी किया पीएचडी एडमिशन शेड्यूल,जानिए कब सेशुरू होंगे आवेदन
जामिया मिल्लिया इस्लामिया ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए पीएचडी एडमिशन का शेड्यूल जारी किया है, जिसमें आवेदन आज 11 मई 2026 से शुरू हो रहे हैं।
महत्वपूर्ण तिथियां
- ऑनलाइन आवेदन शुरू: 11 मई 2026 से।
- आवेदन की अंतिम तिथि: 8 जून 2026।
- फॉर्म सुधार विंडो: 9-10 जून 2026।
- एडमिट कार्ड जारी: 14 जून 2026।
- प्रवेश परीक्षा: 20-21 जून 2026।
आवेदन प्रक्रिया
आवेदन केवल ऑनलाइन मोड से admission.jmi.ac.in पर करें। पोर्टल पर Ph.D. Admissions 2026-27 सेक्शन में रजिस्टर करें, फॉर्म भरें, दस्तावेज अपलोड करें और शुल्क जमा करें।
योग्यता और शुल्क
मास्टर डिग्री धारक पात्र हैं (विस्तृत मानदंड नोटिफिकेशन में देखें)। आवेदन शुल्क लगभग ₹2000 है, जो पिछले सत्रों के आधार पर अपेक्षित है।
एडमिशन
जामिया में 30 नए कोर्स शुरू और फीस में बड़ी राहत से छात्रों को फायदा
जामिया मिल्लिया इस्लामिया (Jamia Millia Islamia, JMI) ने 2026‑27 के शैक्षणिक सत्र के लिए छात्रों के लिए एक बड़ा “सुनहरा मौका” दिया है, जिसमें 30 नए कोर्स/प्रोग्राम शुरू किए गए हैं और इसी के साथ फीस में बढ़ोतरी नहीं की गई है, यानी यह वाकई में छात्रों के लिए राहत वाला निर्णय माना जा रहा है।
30 नए कोर्स किस‑किस तरह के?
- नए कोर्स अलग‑अलग लेवल (UG, PG, डिप्लोमा) और फील्ड में हैं, जैसे:
- भाषा और ह्यूमन रिसोर्स: BA (Hons) जापानी, जर्मन, उज़्बेक भाषा और बीए (ऑनर्स) ह्यूमन रिसोर्स मैनेजमेंट (HRM) जैसे प्रोग्राम।
- इंजीनियरिंग व टेक्नोलॉजी: बीटेक रोबोटिक्स और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, बीटेक सिविल (निर्माण प्रौद्योगिकी) और शहरों में सुविधा के लिए शाम की क्लासेज वाला बीई सिविल इंजीनियरिंग (ईवनिंग, सेल्फ‑फाइनेंस विकल्प)।
- साइंस और सोशल स्टडीज: एमएससी बायोसाइंसेज, बायोटेक्नोलॉजी, बॉटनी, बायोफिजिक्स, एमए सोशल वर्क, एमए HRM, एमए सोशियोलॉजी आदि।
फीस में क्या राहत मिली?
- विश्वविद्यालय ने घोषणा की है कि 2026‑27 सत्र के लिए किसी भी कोर्स की फीस में वृद्धि नहीं की गई है, यानी पिछले साल वाली फीस दरें ही लागू रहेंगी; यह चाहे वह नया कोर्स हो या पुराना।
- यह तय फीस (स्केल) छात्रों के लिए योजना बनाने में आसानी करती है और उन्हें “महंगी फीस” के डर के बजाय नए और नए फील्ड में एडमिशन लेने में मदद करती है।
एडमिशन और आवेदन की तारीखें
- जामिया ने 2026‑27 के लिए एडमिशन प्रक्रिया शुरू कर दी है और विश्वविद्यालय का ऑनलाइन एडमिशन पोर्टल admission.jmi.ac.in पर रजिस्ट्रेशन और फॉर्म भरना जारी है।
- कई नए UG/PG/डिप्लोमा कोर्स के लिए आवेदन की अंतिम तिथि 25 मार्च 2026 तय की गई है; देर न करते हुए जल्दी से अपनी योग्यता के अनुसार आवेदन किया जा सकता है।
खास बातें: NEP 2020 और मल्टीपल एंट्री
- विश्वविद्यालय ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 (NEP 2020) के अनुरूप चार वर्षीय अंडरग्रेजुएट प्रोग्राम (FYUP) में मल्टीपल एंट्री‑एग्जिट मोड शुरू किया है, जिससे छात्र अलग‑अलग समय पर एंट्री ले सकते हैं।
- नए कोर्स स्किल‑बेस्ड और इंडस्ट्री‑रिलेटेड (जैसे AI, डिजिटल मीडिया, डेटा साइंस, रोबोटिक्स, HRM, जापानी/जर्मन भाषा आदि) हैं, जिससे एडमिशन लेने वाले छात्रों के करियर के ऑप्शन बढ़ रहे हैं।
अगर चाहें तो आप अपना क्या खत्म किया? (12th, ग्रेजुएशन) और किस फील्ड में दिलचस्पी है (Science/Arts/Commerce/Engineering/Management) लिख दें, तो बता सकता हूँ कि जामिया के 30 नए कोर्स में से आपके लिए कौन‑से 3–4 प्रोग्राम सबसे फिट रहेंगे और उनके लिए तैयारी कैसे करें।
एडमिशन
केंद्रीय विद्यालय में एडमिशन के लिए देखें योग्यता, आयु सीमा और पूरा प्रोसेस
केंद्रीय विद्यालय (Kendriya Vidyalaya / KVS) में एडमिशन देश के लगभग सभी वर्गों के छात्र–छात्राओं के लिए खुला है, लेकिन आयु सीमा, कक्षा‑स्तर और कुछ वरीयताओं के अनुसार होता है। नीचे आपको योग्यता, आयु सीमा और पूरी प्रक्रिया हिंदी में समझाई जा रही है।
कौन‑कौन ले सकता है एडमिशन?
- किसी भी मान्यता प्राप्त स्कूल में पढ़ने वाला भारतीय छात्र / छात्रा (कक्षा 1 से 12 तक)।
- सरकारी कर्मचारी, रक्षा कर्मी, सीमा‑सुरक्षा बल, रेलवे, डाक, आदि के कर्मचारियों को आरक्षण और वरीयता मिलती है, लेकिन सामान्य छात्र भी आवेदन कर सकते हैं।
- विशेष रूप से कक्षा 6 और 9 में ‑ जिन विद्यालयों में सीटें खाली हैं, वहाँ अन्य छात्र भी अप्लाई कर सकते हैं, बशर्ते पिछली कक्षा पास हो और आयु सीमा पूरी हो।
आयु सीमा (उम्र की शर्तें)
आयु आम तौर पर “31 मार्च” को देखकर तय होती है (जिस सत्र के लिए एडमिशन है, उसी साल की 31 मार्च को बच्चे की उम्र)।
सामान्य आयु सीमा (लगभग)
कक्षा न्यूनतम आयु (31 मार्च को) अधिकतम आयु लगभग 1 6 वर्ष 8 वर्ष तक 2 7 वर्ष 9 वर्ष तक 3 8 वर्ष 10 वर्ष तक 4 9 वर्ष 11 वर्ष तक 5 9 वर्ष 11 वर्ष तक 6 10 वर्ष 12 वर्ष तक 7 11 वर्ष 13 वर्ष तक 8 12 वर्ष 14 वर्ष तक 9 13 वर्ष 15 वर्ष तक 10 14 वर्ष 16 वर्ष तक
- 1 अप्रैल को जन्मे बच्चों को भी आयु‑सीमा के अंदर माना जाता है।
आवश्यक योग्यता (कक्षा के अनुसार)
- कक्षा 1: बस आयु सीमा और जन्म प्रमाण‑पत्र की जरूरत होती है; पहले से स्कूल अनिवार्य नहीं है।
- कक्षा 2–5: वही कक्षा से पहले वाली कक्षा पास होनी चाहिए (जैसे कक्षा 2 के लिए कक्षा 1 पास)।
- कक्षा 6: कक्षा 5 पास, और उम्र 31 मार्च को 10–12 वर्ष के बीच।
- कक्षा 9: कक्षा 8 पास, और उम्र 13–15 वर्ष (लगभग)।
- कक्षा 10 / 12: पिछली कक्षा पास होना जरूरी (जैसे 10 में: कक्षा 9 पास, 12 में: कक्षा 11 पास)।
आवश्यक दस्तावेज (Docu
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