एडमिशन
डॉ. शकुंतला मिश्रा राष्ट्रीय पुनर्वास विश्वविद्यालय में पार्ट टाइम और फुल टाइम पीएचडी एडमिशन
डॉ. शकुंतला मिश्रा राष्ट्रीय पुनर्वास विश्वविद्यालय, लखनऊ ने इस वर्ष पहली बार पार्ट टाइम पीएचडी प्रोग्राम शुरू किया है। इसके साथ ही फुल टाइम पीएचडी के लिए भी आवेदन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। इस बार कुल 20 विषयों में पीएचडी की 250 सीटों पर एडमिशन के लिए आवेदन मांगे गए हैं।


image credit : navbharattimes.com
आवेदन प्रक्रिया
- आवेदन फॉर्म: विश्वविद्यालय की वेबसाइट पर उपलब्ध
- अंतिम तिथि: 13 अप्रैल 2025
- विकल्प: आवेदन के समय ही पार्ट टाइम/फुल टाइम चुनना अनिवार्य
पार्ट टाइम पीएचडी की खासियत
- वर्किंग प्रोफेशनल्स के लिए: काम के साथ पीएचडी का मौका

- UGC गाइडलाइन: अब अन्य विश्वविद्यालयों में भी शुरू हो रही है
डॉ. शकुंतला मिश्रा राष्ट्रीय पुनर्वास विश्वविद्यालय में इस बार पार्ट टाइम और फुल टाइम दोनों तरह की पीएचडी के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। पार्ट टाइम पीएचडी के लिए भी UGC-NET अनिवार्य है, जिससे वर्किंग प्रोफेशनल्स को बड़ा फायदा मिलेगा। विदेशी छात्रों के लिए भी विशेष सीटें आरक्षित की गई हैं, और चयन प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और योग्यता आधारित है।
एडमिशन
जामिया मिल्लिया इस्लामिया ने जारी किया पीएचडी एडमिशन शेड्यूल,जानिए कब सेशुरू होंगे आवेदन
जामिया मिल्लिया इस्लामिया ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए पीएचडी एडमिशन का शेड्यूल जारी किया है, जिसमें आवेदन आज 11 मई 2026 से शुरू हो रहे हैं।
महत्वपूर्ण तिथियां
- ऑनलाइन आवेदन शुरू: 11 मई 2026 से।
- आवेदन की अंतिम तिथि: 8 जून 2026।
- फॉर्म सुधार विंडो: 9-10 जून 2026।
- एडमिट कार्ड जारी: 14 जून 2026।
- प्रवेश परीक्षा: 20-21 जून 2026।
आवेदन प्रक्रिया
आवेदन केवल ऑनलाइन मोड से admission.jmi.ac.in पर करें। पोर्टल पर Ph.D. Admissions 2026-27 सेक्शन में रजिस्टर करें, फॉर्म भरें, दस्तावेज अपलोड करें और शुल्क जमा करें।
योग्यता और शुल्क
मास्टर डिग्री धारक पात्र हैं (विस्तृत मानदंड नोटिफिकेशन में देखें)। आवेदन शुल्क लगभग ₹2000 है, जो पिछले सत्रों के आधार पर अपेक्षित है।
एडमिशन
जामिया में 30 नए कोर्स शुरू और फीस में बड़ी राहत से छात्रों को फायदा
जामिया मिल्लिया इस्लामिया (Jamia Millia Islamia, JMI) ने 2026‑27 के शैक्षणिक सत्र के लिए छात्रों के लिए एक बड़ा “सुनहरा मौका” दिया है, जिसमें 30 नए कोर्स/प्रोग्राम शुरू किए गए हैं और इसी के साथ फीस में बढ़ोतरी नहीं की गई है, यानी यह वाकई में छात्रों के लिए राहत वाला निर्णय माना जा रहा है।
30 नए कोर्स किस‑किस तरह के?
- नए कोर्स अलग‑अलग लेवल (UG, PG, डिप्लोमा) और फील्ड में हैं, जैसे:
- भाषा और ह्यूमन रिसोर्स: BA (Hons) जापानी, जर्मन, उज़्बेक भाषा और बीए (ऑनर्स) ह्यूमन रिसोर्स मैनेजमेंट (HRM) जैसे प्रोग्राम।
- इंजीनियरिंग व टेक्नोलॉजी: बीटेक रोबोटिक्स और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, बीटेक सिविल (निर्माण प्रौद्योगिकी) और शहरों में सुविधा के लिए शाम की क्लासेज वाला बीई सिविल इंजीनियरिंग (ईवनिंग, सेल्फ‑फाइनेंस विकल्प)।
- साइंस और सोशल स्टडीज: एमएससी बायोसाइंसेज, बायोटेक्नोलॉजी, बॉटनी, बायोफिजिक्स, एमए सोशल वर्क, एमए HRM, एमए सोशियोलॉजी आदि।
फीस में क्या राहत मिली?
- विश्वविद्यालय ने घोषणा की है कि 2026‑27 सत्र के लिए किसी भी कोर्स की फीस में वृद्धि नहीं की गई है, यानी पिछले साल वाली फीस दरें ही लागू रहेंगी; यह चाहे वह नया कोर्स हो या पुराना।
- यह तय फीस (स्केल) छात्रों के लिए योजना बनाने में आसानी करती है और उन्हें “महंगी फीस” के डर के बजाय नए और नए फील्ड में एडमिशन लेने में मदद करती है।
एडमिशन और आवेदन की तारीखें
- जामिया ने 2026‑27 के लिए एडमिशन प्रक्रिया शुरू कर दी है और विश्वविद्यालय का ऑनलाइन एडमिशन पोर्टल admission.jmi.ac.in पर रजिस्ट्रेशन और फॉर्म भरना जारी है।
- कई नए UG/PG/डिप्लोमा कोर्स के लिए आवेदन की अंतिम तिथि 25 मार्च 2026 तय की गई है; देर न करते हुए जल्दी से अपनी योग्यता के अनुसार आवेदन किया जा सकता है।
खास बातें: NEP 2020 और मल्टीपल एंट्री
- विश्वविद्यालय ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 (NEP 2020) के अनुरूप चार वर्षीय अंडरग्रेजुएट प्रोग्राम (FYUP) में मल्टीपल एंट्री‑एग्जिट मोड शुरू किया है, जिससे छात्र अलग‑अलग समय पर एंट्री ले सकते हैं।
- नए कोर्स स्किल‑बेस्ड और इंडस्ट्री‑रिलेटेड (जैसे AI, डिजिटल मीडिया, डेटा साइंस, रोबोटिक्स, HRM, जापानी/जर्मन भाषा आदि) हैं, जिससे एडमिशन लेने वाले छात्रों के करियर के ऑप्शन बढ़ रहे हैं।
अगर चाहें तो आप अपना क्या खत्म किया? (12th, ग्रेजुएशन) और किस फील्ड में दिलचस्पी है (Science/Arts/Commerce/Engineering/Management) लिख दें, तो बता सकता हूँ कि जामिया के 30 नए कोर्स में से आपके लिए कौन‑से 3–4 प्रोग्राम सबसे फिट रहेंगे और उनके लिए तैयारी कैसे करें।
एडमिशन
केंद्रीय विद्यालय में एडमिशन के लिए देखें योग्यता, आयु सीमा और पूरा प्रोसेस
केंद्रीय विद्यालय (Kendriya Vidyalaya / KVS) में एडमिशन देश के लगभग सभी वर्गों के छात्र–छात्राओं के लिए खुला है, लेकिन आयु सीमा, कक्षा‑स्तर और कुछ वरीयताओं के अनुसार होता है। नीचे आपको योग्यता, आयु सीमा और पूरी प्रक्रिया हिंदी में समझाई जा रही है।
कौन‑कौन ले सकता है एडमिशन?
- किसी भी मान्यता प्राप्त स्कूल में पढ़ने वाला भारतीय छात्र / छात्रा (कक्षा 1 से 12 तक)।
- सरकारी कर्मचारी, रक्षा कर्मी, सीमा‑सुरक्षा बल, रेलवे, डाक, आदि के कर्मचारियों को आरक्षण और वरीयता मिलती है, लेकिन सामान्य छात्र भी आवेदन कर सकते हैं।
- विशेष रूप से कक्षा 6 और 9 में ‑ जिन विद्यालयों में सीटें खाली हैं, वहाँ अन्य छात्र भी अप्लाई कर सकते हैं, बशर्ते पिछली कक्षा पास हो और आयु सीमा पूरी हो।
आयु सीमा (उम्र की शर्तें)
आयु आम तौर पर “31 मार्च” को देखकर तय होती है (जिस सत्र के लिए एडमिशन है, उसी साल की 31 मार्च को बच्चे की उम्र)।
सामान्य आयु सीमा (लगभग)
कक्षा न्यूनतम आयु (31 मार्च को) अधिकतम आयु लगभग 1 6 वर्ष 8 वर्ष तक 2 7 वर्ष 9 वर्ष तक 3 8 वर्ष 10 वर्ष तक 4 9 वर्ष 11 वर्ष तक 5 9 वर्ष 11 वर्ष तक 6 10 वर्ष 12 वर्ष तक 7 11 वर्ष 13 वर्ष तक 8 12 वर्ष 14 वर्ष तक 9 13 वर्ष 15 वर्ष तक 10 14 वर्ष 16 वर्ष तक
- 1 अप्रैल को जन्मे बच्चों को भी आयु‑सीमा के अंदर माना जाता है।
आवश्यक योग्यता (कक्षा के अनुसार)
- कक्षा 1: बस आयु सीमा और जन्म प्रमाण‑पत्र की जरूरत होती है; पहले से स्कूल अनिवार्य नहीं है।
- कक्षा 2–5: वही कक्षा से पहले वाली कक्षा पास होनी चाहिए (जैसे कक्षा 2 के लिए कक्षा 1 पास)।
- कक्षा 6: कक्षा 5 पास, और उम्र 31 मार्च को 10–12 वर्ष के बीच।
- कक्षा 9: कक्षा 8 पास, और उम्र 13–15 वर्ष (लगभग)।
- कक्षा 10 / 12: पिछली कक्षा पास होना जरूरी (जैसे 10 में: कक्षा 9 पास, 12 में: कक्षा 11 पास)।
आवश्यक दस्तावेज (Docu
-
नीति और योजनाएं6 months agoअब तीसरी कक्षा से शुरू होगी AI की पढ़ाई, 2026-27 शैक्षणिक सत्र से इसे देशभर के स्कूलों में लागू करने की तैयारी
-
Uncategorized9 months agoजानिए भारत में मेडिकल स्टोर खोलने के लिए आवश्यक डिग्री और नियम
-
रिजल्ट9 months agoयूपी बोर्ड 10th, 12th कंपार्टमेंट रिजल्ट जारी, डायरेक्ट लिंक व चेक करने का तरीका
-
करियर गाइडेंस10 months agoपत्रकार और शिक्षाविद् अंकित पांडेय को डॉक्टरेट की उपाधि
-
Uncategorized8 months agoप्रो. (डॉ.) के. जी. सुरेश – व्यक्तित्व नहीं, प्रेरणा का जीवंत स्रोत
-
शिक्षक और रिसर्च10 months agoडॉ. अंकित पांडेय ने प्रो. (डॉ.) के.जी. सुरेश के व्यक्तित्व और कृतित्व पर किया पीएचडी
-
ब्रेकिंग न्यूज़8 months agoमहोबा की सीमा पटनाहा सिंह बनीं भारतीय तीरंदाजी संघ की आंतरिक शिकायत समिति (ICC) की अध्यक्ष
-
स्कॉलरशिप9 months agoउत्तर प्रदेश प्री-मैट्रिक और पोस्ट-मैट्रिक स्कॉलरशिप 2025-26: सभी वर्गों के विद्यार्थियों के लिए ऑनलाइन आवेदन शुरू,
